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केंद्र सरकार विकास और सुशासन के लिए काम कर रही- अमित शाह
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गिलगिट-बाल्टिस्तान के स्कार्दू में विरोध-प्रदर्शन के दौरान भड़की हिंसा, गोलीबारी में 38 लोगों की मौत
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चारधाम यात्रा 2026- हेली शटल सेवा के टेंडर अंतिम दौर में, जल्द शुरू होंगी सुविधाएँ
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किडनी स्टोन को नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी, समय पर इलाज जरूरी
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पार्टी कार्यकर्ताओं संग हरिद्वार रवाना हुए कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी
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जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
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‘चरक: फियर ऑफ फेथ’ की बॉक्स ऑफिस पर धीमी शुरुआत, फिल्म ने पहले दिन कमाए इतने रुपये
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नगर निगम का पहला फूड कोर्ट डेस्टिनेशन का निर्माण कार्य अंतिम चरण में, जल्द खुलेगा आम जनता के लिए
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सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
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दिल्ली में पेड़ों की अवैध कटाई पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, DDA अधिकारियों पर जुर्माना और सख्त दिशानिर्देश जारी

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सड़क निर्माण और वनरोपण से जुड़ी सभी गतिविधियों में अदालत को सूचना देना जरूरी

वृक्षारोपण को बढ़ावा देने के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन

नई दिल्ली।  सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली के दक्षिणी रिज क्षेत्र में सड़क चौड़ीकरण के नाम पर पेड़ों की अवैध कटाई को गंभीरता से लेते हुए डीडीए अधिकारियों पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। अदालत ने इस कार्रवाई को अवमानना की श्रेणी में रखा और स्पष्ट किया कि पर्यावरण संरक्षण के नियमों का उल्लंघन किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

न्यायमूर्ति सूर्यकांत और न्यायमूर्ति एन. कोटिश्वर सिंह की पीठ ने निर्देश दिया कि भविष्य में वृक्षारोपण, निर्माण कार्य या किसी भी प्रकार के पारिस्थितिक प्रभाव वाले फैसलों में अदालत के समक्ष लंबित मामलों का उल्लेख अनिवार्य होगा। सुप्रीम कोर्ट ने डीडीए और दिल्ली सरकार को सलाह देने के लिए एक तीन सदस्यीय समिति भी गठित की है, जो हरित क्षेत्र बढ़ाने और वृक्षारोपण को प्रोत्साहित करने पर सुझाव देगी।

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