Headline
किडनी स्टोन को नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी, समय पर इलाज जरूरी
किडनी स्टोन को नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी, समय पर इलाज जरूरी
पार्टी कार्यकर्ताओं संग हरिद्वार रवाना हुए कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी
पार्टी कार्यकर्ताओं संग हरिद्वार रवाना हुए कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
जन औषधि केंद्र आज करोड़ों जरूरतमंद लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं- मुख्यमंत्री धामी
‘चरक: फियर ऑफ फेथ’ की बॉक्स ऑफिस पर धीमी शुरुआत, फिल्म ने पहले दिन कमाए इतने रुपये
‘चरक: फियर ऑफ फेथ’ की बॉक्स ऑफिस पर धीमी शुरुआत, फिल्म ने पहले दिन कमाए इतने रुपये
नगर निगम का पहला फूड कोर्ट डेस्टिनेशन का निर्माण कार्य अंतिम चरण में, जल्द खुलेगा आम जनता के लिए
नगर निगम का पहला फूड कोर्ट डेस्टिनेशन का निर्माण कार्य अंतिम चरण में, जल्द खुलेगा आम जनता के लिए
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
सार्वजनिक संपत्ति और सौन्दर्यीकरण कार्यों को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई- बंशीधर तिवारी
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने नेपाल चुनाव में बालेंद्र शाह की प्रचंड जीत पर दी बधाई
गृहमंत्री के दौरे से पहले डीएम सविन बंसल ने एसएसपी संग व्यवस्थाओं का किया स्थलीय निरीक्षण
गृहमंत्री के दौरे से पहले डीएम सविन बंसल ने एसएसपी संग व्यवस्थाओं का किया स्थलीय निरीक्षण
चारधाम यात्रा के लिए सरकार पूरी तरह से तैयार- महाराज
चारधाम यात्रा के लिए सरकार पूरी तरह से तैयार- महाराज

आज विश्व के लिए सबसे प्रमुख चुनौती बन गया आतंकवाद – विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर

आज विश्व के लिए सबसे प्रमुख चुनौती बन गया आतंकवाद – विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर

आतंकवाद को बढ़ावा देने वाले प्रायोजकों, वित्तपोषकों की तलाश कर उन्हें सख्त सजा देना बेहद जरूरी – विदेश मंत्री

नई दिल्ली। कजाखस्तान के अस्ताना में हाल की में एक साक्षात्कार के दौरान डॉ. एस जयशंकर ने वैश्विक शांति के लिए आतंकवाद को एक बहुत बड़ा खतरा बताया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया है कि आतंकवाद को बढ़ावा देने वाले प्रायोजकों, वित्तपोषकों की तलाश कर उन्हें सख्त सजा देना बेहद जरूरी है। विदेश मंत्री ने इस दौरान प्रत्यक्ष रूप से पाकिस्तान पर कटाक्ष किया। डॉ. जयशकंर ने जोर देते हुए कहा, ‘तीन दानवों (आतंकवाद, अलगाववाद और उग्रवाद) के खिलाफ लड़ने की बेहद आवश्यकता है।’ दरअसल, चार जुलाई को अस्ताना में शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) का शिखर सम्मेलन आयोजित करवाया गया था। इस दौरान जयशंकर ने भारतीय प्रतिनिधि मंडल का प्रतिनिधित्व किया था। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने इस एससीओ शिखर सम्मेलन में भाग लिया था।

डॉक्टर एस जयशकंर ने कहा, ‘इस बात में कोई शक नहीं है कि आतंकवाद आज विश्व के लिए सबसे प्रमुख चुनौती बन गया है। यह वैश्विक और राष्ट्रीय शांति के लिए एक खतरा बन गया है। हम सभी को आतंकवाद के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए। आतंकवाद से लड़ने के लिए एक व्यापक दृष्टिकोण की जरूरत है। सिर्फ आतंकवाद को तैयार करने वाले लोग ही नहीं बल्कि इसके मददकर्ताओं, वित्तपोषकों और प्रायोजकों के खिलाफ संयुक्त कार्रवाई होनी चाहिए। इन सभी का पता लगाकर सख्त से सख्त सजा देने की जरूरत है।’

विदेश मंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि उन्हें पूर्ण रूप से भरोसा है कि क्षेत्रीय आतंकवाद विरोधी संरंचना (आरएटीएस) की मदद से एससीओ द्वारा आतंकवाद के खिलाफ मजबूत कार्रवाई की जा सकती है। डॉ. एस जयशकंर ने कहा कि अस्ताना में हुए शिखर सम्मेलन में आतंकवाद, अलगाववाद और उग्रवाद के खिलाफ संयुक्त कार्रवाई पर चर्चा की गई और इस बात से वे बहुत खुश हैं। विदेश मंत्री ने कहा कि पिछले वर्ष दिल्ली में एससीओ शिखर सम्मेलन हुआ था। उस दौरान आतंकवाद, अलगाववाद और उग्रवाद को बढ़ावा देने वाले कट्टरपंथ से संयुक्त रूप से मुकाबले पर जोर दिया गया था। विदेश मंत्री ने आगे कहा कि कजाखस्तान में भी शिखर सम्मेलन के दौरान इस प्रतिबद्धता के उद्देश्य को आगे बढ़ाया गया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top